सराहनीय : नॉलेज इंडस्ट्री में पहले नंबर पर आने की कतार में हरियाणा
21 नवंबर 2021, 1:08 PM
संदीप कम्बोज। हरियाणा मीडिया जंक्शन
चंडीगढ़। हरियाणा को देश में पसंदीदा निवेश स्थलों में से एक माना जाता है और पिछले पांच वर्षों के दौरान राज्य देश में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश के मामले में सबसे आगे रहा है। यह देश के सबसे बड़े आॅटोमोबाइल हब के रूप में उभरा है और नॉलेज इंडस्ट्री के लिए आधार के रूप में उभर रहा है। हरियाणवी प्रवासी की यू.के., यू.एस.ए., कनाडा, आॅस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड जैसे देशों में एक मजबूत उपस्थिति है। अन्य देशों और उनके प्रांतों के साथ कई राज्य स्तर के समझौता ज्ञापनों के अलावा, हरियाणा के कई शहरों ने पहले ही टविन सिटीज समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए हैं। हाल ही में हरियाणा सरकार ने निवेश को बढ़ावा देने, हरियाणा के युवाओं के लिए रोजगार और अप्रवासी भारतीय (एनआरआई)/ भारतीय मूल के व्यक्ति (पीआईओ) के लिए राज्य सरकार द्वारा की गई विभिन्न पहलों को सुव्यवस्थित करने हेतु एक नया विभाग नामत: ह्यफॉरेन कॉपरेशन विभागह्ण (विदेश सहयोग विभाग) बनाने का निर्णय लिया है। यह विभाग विदेशों के प्रांतों के साथ अंतर्राष्ट्रीय सहयोग बढ़ाने और जुड़े हुए प्रांतों के शहरों के साथ जुड़ाव और भारत सरकार के विदेश मंत्रालय के टविन सिटीज के कार्यक्रमों के लिए भी काम करेगा। नया विभाग सार्वजनिक और निजी क्षेत्र के संगठन में सहयोग को शामिल करने के साथ-साथ निवेश को बढ़ावा देने, राज्य में रोजगार, शिक्षा और कौशल विकास और हरियाणवी संस्कृति के संवर्धन और हरियाणवी प्रवासी लोगों के कल्याण, द्विपक्षीय और बहुपक्षीय मंचों पर भागीदारी को बढ़ावा देने का काम करेगा। इसके अलावा, विदेश मंत्रालय के परामर्श से विदेशी व्यापार और निवेश के क्षेत्र में विदेशों में राज्य के हित को बढ़ावा देने के लिए विभाग द्विपक्षीय कार्य समूहों में भागीदारी भी करेगा। विभाग निवेश, रोजगार, शिक्षा, कौशल विकास, और संस्कृति और एनआरआई/पीआईओ के मामलों के संबंध में हरियाणा से संबंधित मामलों पर नई दिल्ली में भारतीय मिशनों/विदेश मंत्रालय/विदेशी मिशनों के साथ संपर्क बनाए रखेगा। इसके अलावा, यह वैश्विक देश के विपणन और संचार रणनीतियों के विकास के लिए भी काम करेगा ताकि हरियाणवी प्रवासी के साथ मजबूत संबंध सुनिश्चित किए जा सकें।
21 नवंबर 2021, 1:08 PM
संदीप कम्बोज। हरियाणा मीडिया जंक्शन
चंडीगढ़। हरियाणा को देश में पसंदीदा निवेश स्थलों में से एक माना जाता है और पिछले पांच वर्षों के दौरान राज्य देश में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश के मामले में सबसे आगे रहा है। यह देश के सबसे बड़े आॅटोमोबाइल हब के रूप में उभरा है और नॉलेज इंडस्ट्री के लिए आधार के रूप में उभर रहा है। हरियाणवी प्रवासी की यू.के., यू.एस.ए., कनाडा, आॅस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड जैसे देशों में एक मजबूत उपस्थिति है। अन्य देशों और उनके प्रांतों के साथ कई राज्य स्तर के समझौता ज्ञापनों के अलावा, हरियाणा के कई शहरों ने पहले ही टविन सिटीज समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए हैं। हाल ही में हरियाणा सरकार ने निवेश को बढ़ावा देने, हरियाणा के युवाओं के लिए रोजगार और अप्रवासी भारतीय (एनआरआई)/ भारतीय मूल के व्यक्ति (पीआईओ) के लिए राज्य सरकार द्वारा की गई विभिन्न पहलों को सुव्यवस्थित करने हेतु एक नया विभाग नामत: ह्यफॉरेन कॉपरेशन विभागह्ण (विदेश सहयोग विभाग) बनाने का निर्णय लिया है। यह विभाग विदेशों के प्रांतों के साथ अंतर्राष्ट्रीय सहयोग बढ़ाने और जुड़े हुए प्रांतों के शहरों के साथ जुड़ाव और भारत सरकार के विदेश मंत्रालय के टविन सिटीज के कार्यक्रमों के लिए भी काम करेगा। नया विभाग सार्वजनिक और निजी क्षेत्र के संगठन में सहयोग को शामिल करने के साथ-साथ निवेश को बढ़ावा देने, राज्य में रोजगार, शिक्षा और कौशल विकास और हरियाणवी संस्कृति के संवर्धन और हरियाणवी प्रवासी लोगों के कल्याण, द्विपक्षीय और बहुपक्षीय मंचों पर भागीदारी को बढ़ावा देने का काम करेगा। इसके अलावा, विदेश मंत्रालय के परामर्श से विदेशी व्यापार और निवेश के क्षेत्र में विदेशों में राज्य के हित को बढ़ावा देने के लिए विभाग द्विपक्षीय कार्य समूहों में भागीदारी भी करेगा। विभाग निवेश, रोजगार, शिक्षा, कौशल विकास, और संस्कृति और एनआरआई/पीआईओ के मामलों के संबंध में हरियाणा से संबंधित मामलों पर नई दिल्ली में भारतीय मिशनों/विदेश मंत्रालय/विदेशी मिशनों के साथ संपर्क बनाए रखेगा। इसके अलावा, यह वैश्विक देश के विपणन और संचार रणनीतियों के विकास के लिए भी काम करेगा ताकि हरियाणवी प्रवासी के साथ मजबूत संबंध सुनिश्चित किए जा सकें।


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